October 12, 2026
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पीएचसी पटोरी में डॉक्टरों की गैरहाजिरी से मचा हड़कंप!

सुबह 8 बजे से इलाज के इंतजार में मरीज, घंटों बाद भी नहीं पहुंचे डॉक्टर; महिला मरीज की तबीयत बिगड़ी, सदर अस्पताल प्रभारी ने जांच का दिया भरोसा

समस्तीपुर जिला संवाददाता मोहम्मद जुबेर

पटोरी/समस्तीपुर। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) पटोरी में बुधवार को उस समय मरीजों के बीच अफरातफरी की स्थिति बन गई, जब इलाज कराने पहुंचे लोगों को काफी देर तक डॉक्टरों का इंतजार करना पड़ा। सुबह से अस्पताल पहुंच चुके मरीज डॉक्टर के आने की उम्मीद में बैठे रहे, लेकिन निर्धारित समय तक डॉक्टर के नहीं पहुंचने से कई मरीज मायूस होकर बिना इलाज कराए ही लौटने को मजबूर हो गए।

मरीजों के अनुसार, सुबह करीब 10:30 बजे से 11:30 बजे तक पीएचसी प्रभारी और डॉक्टरों के संबंध में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिल सकी। अस्पताल में इलाज की उम्मीद लेकर पहुंचे मरीजों का कहना था कि वे घंटों से डॉक्टर के आने का इंतजार कर रहे हैं।

एक महिला मरीज ने बताया कि वह सुबह करीब 8 बजे ही पीएचसी पहुंच गई थी। मोबाइल फोन नहीं होने के कारण पर्ची और टोकन लेने के लिए उसे काफी देर तक खड़ा रहना पड़ा। इसी दौरान उसकी तबीयत बिगड़ गई और वह अस्पताल परिसर में गिर पड़ी। महिला का कहना था कि इलाज कराने के लिए इतनी सुबह आने के बावजूद डॉक्टर के नहीं मिलने से उसे काफी परेशानी उठानी पड़ी।

एक डॉक्टर के भरोसे मरीजों का इलाज?

स्थानीय लोगों का कहना है कि पीएचसी पटोरी में डॉक्टरों की उपलब्धता और साफ-सफाई को लेकर पहले भी सवाल उठते रहे हैं। आसपास के कई गांवों के मरीज इलाज के लिए इसी स्वास्थ्य केंद्र पर निर्भर हैं। ऐसे में डॉक्टर समय पर उपलब्ध नहीं रहें तो गरीब और दूर-दराज से आने वाले मरीजों की परेशानी और बढ़ जाती है।

सदर अस्पताल प्रभारी तक पहुंची शिकायत

मामले की जानकारी फोन के माध्यम से समस्तीपुर सदर अस्पताल प्रभारी को दी गई। शिकायत पर उन्होंने फोन पर कहा कि यदि इस तरह की कमी पाई जाती है तो मामले की जांच की जाएगी। अब देखना यह है कि स्वास्थ्य विभाग इस मामले को कितनी गंभीरता से लेता है और पीएचसी पटोरी में डॉक्टरों की नियमित उपस्थिति तथा मरीजों को समय पर इलाज उपलब्ध कराने के लिए क्या कदम उठाए जाते हैं।

स्थानीय मरीजों और ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग के वरीय अधिकारियों से पीएचसी की व्यवस्था की समीक्षा कर डॉक्टरों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित कराने की मांग की है।

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